देवास जहरीली शराब कांड: इंदौर के दवा बाजार से आया केमिकल, 10 गिरफ्तार
देवास में जहरीली शराब की जांच में इंदौर के दवा बाजार से केमिकल मंगाने की बात सामने आई है; मुख्य आरोपी विनोद जायसवाल समेत 10 आरोपी पकड़े गए।
देवास | देवास जहरीली शराब कांड की जांच अब इंदौर तक पहुंच गई है। पुलिस के मुताबिक आरोपियों ने इंदौर के दवा बाजार से केमिकल मंगवाया और उससे शराब जैसा मिश्रण तैयार किया। मुख्य आरोपी विनोद जायसवाल समेत 10 आरोपी गिरफ्तार किए जा चुके हैं।
मालवा के लिए यह बात सीधे जुड़ी है, क्योंकि यह नकली शराब लाइसेंसी शराब की पेटियों में मिलाकर बाजार में बेची गई।
इंदौर से कैसे पहुंचा केमिकल
पुलिस के अनुसार केमिकल की बुकिंग 1 अक्टूबर को इंदौर के दवा बाजार में एक गोदाम संचालक के ऑफिस से कराई गई थी।
इसके बाद लोहा मंडी स्थित महावीर मार्केट के गोदाम से केमिकल मंगाया गया। पुलिस अब केमिकल की खरीद और उसके परिवहन से जुड़े लोगों की भूमिका की जांच कर रही है।
दो मकानों में तैयार हुआ मिश्रण
जांच में सामने आया कि देवास जिले के पूर्वादादाई गांव में अजय राठौर के मकान पर और लोहारपीपल्या में उसके साथी गोविंद के मकान पर केमिकल में पानी मिलाया गया। इससे शराब जैसा मिश्रण बनाया गया।
मिश्रण को बोतलों में भरकर लाइसेंसी शराब की पेटियों में शामिल कर दिया गया। आरोपियों ने इसे असली शराब की तरह दिखाकर बेचने की कोशिश की। चंदाना-बिंजाना क्षेत्र में भी नकली शराब बेची गई।
मुख्य बातें एक नज़र में
- मुख्य आरोपी विनोद जायसवाल समेत 10 आरोपी गिरफ्तार
- केमिकल की बुकिंग 1 अक्टूबर को इंदौर के दवा बाजार में हुई
- केमिकल लोहा मंडी के महावीर मार्केट के गोदाम से मंगाया गया
- पूर्वादादाई और लोहारपीपल्या के दो मकानों पर मिश्रण तैयार हुआ
- मामले में आबकारी अधिनियम की धारा 49-क जोड़ी गई
अब आगे क्या
पुलिस यह पता लगा रही है कि केमिकल कहां से खरीदा गया, नकली शराब कितनी मात्रा में बनी और किन-किन इलाकों में सप्लाई हुई। सप्लाई से जुड़े लोगों की भूमिका की भी पड़ताल जारी है।
जांच आगे बढ़ने के साथ नए खुलासों की संभावना जताई जा रही है।





